Home Ishayu

Author: Ishayu (Ishayu Yadav)

Post
कहाँ गये 16 करोड़ के सरकारी सुधीर

कहाँ गये 16 करोड़ के सरकारी सुधीर

देश के प्राइवेट चैनल पर हुआ पुतिन का इंटरव्यू, मुहं ताक रहा सरकारी मीडिया देश के एक प्राइवेट चैनल पर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का इंटरव्यू प्रसारित हुआ और सरकारी मीडिया केवल दूर से इसे देखता रह गया। इसी के साथ सोशल मीडिया पर एक सवाल तेजी से उभरने लगा कि आखिर 16 करोड़...

Post
जन्मदिन विशेष: डॉ. वर्गीज़ कुरियन

जन्मदिन विशेष: डॉ. वर्गीज़ कुरियन

कहानी मिल्कमैन ऑफ़ इंडिया की जिसने देश को दिया अमूल डॉ. वर्गीज़ कुरियन का जन्म 26 नवंबर 1921 को केरल के कोझिकोड में हुआ। सामान्य परिस्थितियों में बीता बचपन, भौतिकी में स्नातक और अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से मशीनी इंजीनियरिंग की पढ़ाई—ये सब उनके जीवन को एक तकनीकी दिशा दे रहे थे, लेकिन असल...

Post
26/11 का वो मनहूस दिन; लेकिन क्या है कसाब को बिरयानी खिलाने की कहानी

26/11 का वो मनहूस दिन; लेकिन क्या है कसाब को बिरयानी खिलाने की कहानी

26 नवंबर 2008 की रात मुंबई में हुए आतंकवादी हमले ने देश की सुरक्षा व्यवस्था और सामान्य जीवन पर गहरा असर छोड़ा। लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े दस आतंकवादी समुद्र के रास्ते शहर में दाखिल हुए और प्रवेश के तुरंत बाद उन्होंने कई सार्वजनिक और प्रतिष्ठित स्थानों पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू की। छत्रपति शिवाजी टर्मिनस, ताज महल...

Post
अम्बेडकर का संविधान या संविधान के अम्बेडकर?

अम्बेडकर का संविधान या संविधान के अम्बेडकर?

संविधान निर्माण की उस प्रक्रिया की पड़ताल, जिसने देश की बुनियाद गढ़ी     भारत का संविधान अक्सर डॉ. बी.आर. अंबेडकर के नाम से जुड़कर प्रस्तुत किया जाता है, और यह स्वाभाविक भी है—क्योंकि उन्होंने इसकी ड्राफ्टिंग कमेटी का नेतृत्व किया और दस्तावेज़ को विधिक मजबूती दी। लेकिन संविधान केवल अंबेडकर का लिखा हुआ ग्रंथ नहीं...

Post
चकधा एक्सप्रेस; सफ़र बॉल गर्ल से दुनिया की सबसे तेज गेंदबाज बनने तक का 

चकधा एक्सप्रेस; सफ़र बॉल गर्ल से दुनिया की सबसे तेज गेंदबाज बनने तक का 

25 नवंबर 1982… पश्चिम बंगाल के नादिया जिले के छोटे से शहर चकधा में जन्मी एक लड़की को उस समय किसी ने नहीं सोचा था कि वह भारतीय क्रिकेट इतिहास की सबसे सफल तेज गेंदबाजों में शामिल होगी। बचपन में फुटबॉल की दीवानी झूलन गोस्वामी की जिंदगी 1992 क्रिकेट विश्व कप देखने के बाद बदल...

Post
पुण्यतिथि विशेष: चंदूलाल शाह

पुण्यतिथि विशेष: चंदूलाल शाह

बिना शादी के 50 बरस का प्यार, दर्जनों हिट और बदहाली में मौत भारतीय सिनेमा की दुनिया में एक ऐसा नाम है, जिसने फिल्म इंडस्ट्री को पहचान दी, बड़े स्टूडियो की नींव रखी, सामाजिक मुद्दों पर फिल्में बनाईं, सितारों को जन्म दिया, लेकिन अपनी आखिरी सांस आर्थिक तंगी में ली। यह कहानी है चंदूलाल शाह...

Post
क्या आप सुन पा रहे हैं? यह ऑटोमेटिक टेलीफोन कॉल है….

क्या आप सुन पा रहे हैं? यह ऑटोमेटिक टेलीफोन कॉल है….

25 नवम्बर 1960: भारत में पहली बार हुई STD कॉल, इससे पहले कैसे होती थी फोन पर बात? 25 नवंबर 1960… भारत के दूरसंचार इतिहास में यह तारीख़ एक बड़े बदलाव का प्रतीक बनी। कानपुर से लखनऊ के बीच पहली बार Subscriber Trunk Dialling यानी STD कॉल सफलतापूर्वक की गई। पहली बार किसी व्यक्ति ने...

Post
NCC स्थापना दिवस:77 साल से देश के युवाओं को फौलाद बना रहा NCC

NCC स्थापना दिवस:77 साल से देश के युवाओं को फौलाद बना रहा NCC

आज देश में जब भी अनुशासन, देशभक्ति और युवा नेतृत्व की बात होती है, एक नाम सबसे आगे आता है – NCC। नेशनल कैडेट कॉर्प्स की शुरुआत 1948 में हुई थी, आज़ादी के ठीक बाद। मकसद था युवाओं को ऐसा प्लेटफॉर्म देना, जहां वे शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक रूप से मजबूत बनें और देश के...

Post
रिवाइंड: वो लड़ाई जिसने पलट दी गोवा की किस्मत

रिवाइंड: वो लड़ाई जिसने पलट दी गोवा की किस्मत

1510… गोवा की कहानी यहीं से मोड़ लेती है। पुर्तगाली कमांडर अफोंसो डी अलबुकरके भारत पहुंचे थे मलक्का, अर्दन और ओरमूस जैसे बड़े व्यापारिक केंद्रों पर कब्जा करने। उनके लक्ष्य में गोवा था ही नहीं। लेकिन स्थानीय हिंदू नेता टिमोजी ने हालात बताए—बीजापुर के सुल्तान यूसुफ आदिल खान की मौत, कमजोर किला, परेशान स्थानीय हिंदू...

Post
शेख हसीना: जिसके पिता ने किया बांग्लादेश को आज़ाद, उसकी बेटी अब फांसी की सजा के मुहाने पर

शेख हसीना: जिसके पिता ने किया बांग्लादेश को आज़ाद, उसकी बेटी अब फांसी की सजा के मुहाने पर

नई दिल्ली/अनबायस्ड स्ट्रिंगर्स। बांग्लादेश की राजनीति में एक बड़ा मोड़ तब आया जब अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को मौत की सजा सुनाई। यह वही शेख हसीना हैं, जिनके पिता शेख मुजीबुर रहमान ने 1971 में बांग्लादेश को स्वतंत्र राष्ट्र बनाने में केंद्रीय भूमिका निभाई थी। 28 सितंबर 1947 को टुंगिपारा में...